Wednesday, 3 April 2024

(बसंती गेंहू काट रही है)

(बसंती गेहूं काट रही हैं)

ए.सी.कमरो मे बैठ के--
जो इतनी सुघर और स्मार्ट रही है,
वही बसंती चुनाव में आज कल---
गेहूँ काट रही है.
गजब है लोकतंत्र,
कि ना कालिया, ना शाम्बा
और नाही गब्बर का डर,
इतनी बेखौफ हो गई है बसंती,
कि अपने सर पे,
दुपट्टे रखने वाली औरत को,
बेरहमी से डांट रही है----
बसंती गेहूं काट रही है.
ये अच्छे दिन है,मोदी के
कि सिनेमा की ड्रीमगर्ल,
कृष्ण की मथुरा मे,
शौचालय के पर्चे बांट रही है---
बसंती गेहूं काट रही है.

@Rangnath dubey

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