नहीं है-------
ये किसी उद्धव, आदित्य या संजय राऊत
की अक्खि मुंबई.
नही है
ये किसी बीएमसी,और
किसी पुलिस वाले की
आमची मुंबई.
और नही है,
ये किसी कांग्रेस, भाजपा या शिवसेना की
आमची मुंबई.
हार ! जाओगे--
क्योंकि तुम्हें और तुम्हारे घमंड को
हरा देगी,
हिंदी सिनेमा की नही,
बल्कि हमारे देश की
एक मनीकर्णिका.
उसे हक है सच कहने का
वे कहेगी----
क्योंकि ए "रंग "
ये भारत के संबिधान की है----
आमची मुंबई.
@@@रंगनाथ द्विवेदी
जज कालोनी, मियांपुर
जिला----जौनपुर (उत्तर-प्रदेश )
No comments:
Post a Comment