✍️✍️पहले मोहब्बत
फिर---
वालिदो की याद में मारी गई,
वे लड़की
अंधी थी,ना ही पागल
जिस आगोश में लेटी
उस आगोश में मारी गई
मेरे देश
की लडकियों
देख के सबक लो
कि क्यो तुम्हारे कौम की लड़की
कभी "दिल्ली"
तो कभी "धनबाद" में मारी गई.
उफ़!
ये कैसी मोहब्बत है
तेरे यहां,,,
ए इस्लाम के आलिम फाजिल
कि एक हिंदू लड़की
फिर किसी
मुस्लिम लड़के के हाथों-
"लव जिहाद" में मारी गई.😥😥😥😥
रचयिता--रंगनाथ द्विवेदी
जनपद जौनपुर उत्तर प्रदेश.
""""इसका उद्देश्य किसी को आहत करना नही है आप सार्थक और तर्कपूर्ण तरीके से अपनी टिप्पणी कर सकतें है समया भाव में बेशक जवाब ना दे सकू लेकिन पढूंगा मन से क्योंकि हो सकता है कि मैं गलत होऊ"""""
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